Book Title: Dravyanuyoga Part 2
Author(s): Kanhaiyalal Maharaj & Others
Publisher: Agam Anuyog Prakashan

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Page 12
________________ सम्मान्य सहयोगी सदस्य श्री देशराज जी जैन, अहमदाबाद आप मूलतः मानसा (पंजाब) के निवासी हैं। अहमदाबाद में 'देशराज एण्ड कम्पनी' के नाम से बहुत बड़ा व्यवसाय है। आप एवं आपकी धर्मपत्नी श्रीमती यशोदादेवी तथा सुपुत्र पूरणचन्द जी एवं पुत्र-वधू अन्जनादेवी सभी बहुत ही धर्म श्रद्धालू हैं। स्वामी जी श्री छगनलाल जी महाराज के सशिष्य श्री रोशन मुनि जी म. सा. की धर्म की ओर अग्रसर कराने में विशेष प्रेरणा रही है। पूज्य उपाध्याय श्री कन्हैयालाल जी म. सा. का भी आपके बंगले पर सन् १९७५ में चातुर्मास हुआ, आपने बहुत बड़ा लाभ लिया। श्री आर. डी. जैन, दिल्ली आप मूलतः उत्तर प्रदेश में मेरठ जिला के खट्ठा प्रहलादपुर के निवासी हैं। वर्तमान में 'जैन तार उद्योग' के नाम से आपका दिल्ली में बहुत बड़ा व्यवसाय है। वर्धमान स्थानकवासी जैन महासंघ के अध्यक्ष भी रहे हुए हैं। जैन कॉन्फ्रेंस के आप उपाध्यक्ष हैं एवं दिल्ली शाखा के अध्यक्ष हैं। अनेक संस्थाओं से आप जुड़े हुए हैं। आपने अपने पिताश्री की स्मृति में बहुत बड़ा हॉस्पीटल भी बनवाया है। अनेक संस्थाओं में विशेष योगदान रहा है। आपके दोनों पुत्र योगेन्द्रकुमार एवं अरुणकुमार भी व्यापारिक क्षेत्र में अग्रणी हैं व पूरे परिवार की धार्मिक भावना अच्छी है।। महासती जी मुक्तिप्रभा जी, दिव्यप्रभा जी के सब्जी मण्डी चातुर्मास में चरणानुयोग भाग २ का विमोचन आपके ही कर-कमलों द्वारा हुआ। स्व. श्री ताराचन्द जी प्रताप जी साकरिया, सांडेराव आप सांडेराव के प्रमुख श्रावक थे। श्री वर्धमान महावीर केन्द्र, आबू पर्वत की स्थापना में आपका विशेष योगदान रहा। आगम अनुयोग के इस महान् कार्य में प्रारम्भ से ही आपकी विशेष प्रेरणा रही। पूज्य गुरुदेवश्री के प्रति आपकी गहरी आस्था रही थी। आपके सुपुत्र श्री इन्द्रमल जी इसी प्रकार गुरुदेव के प्रति श्रद्धाशील हैं। IIIIIIIIIIIIIIIIII-IIIIIIIIIIIIIIIIIIII

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