Book Title: Agam 14 Jivajivabhigama Uvangsutt 03 Moolam
Author(s): Dipratnasagar, Deepratnasagar
Publisher: Agam Shrut Prakashan

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Page 32
________________ Shri Mahavir Jain Aradhana Kendra www.kobatirth.org Acharya Shri Kailassagarsuri Gyanmandir परियत्ति - २ २३ पीओ संखेनगुणाओ मस्सनपुंसगा असंखेज्जगुणा एतासि णं भंते देवित्थीणं देवपुरिसाणं नेरइवनपुंसगाणं य कतरे कतरेहिंतो जाव विसेसाहिया वा गोयमा सव्वत्योस नेरइयनपुंसगा देवपुरिसा असंखेजगुणा देवित्थीओ संखेज्जगुणाओ एतासि णं भंते तिरिक्खजोणित्यीणं तिरिक्खजोणिपुरिसाणं तिरिक्खजोणियनपुंसगाणं मणुस्सित्श्रीणं मणुस्सपुरिसाणं मणुस्सनपुंसगाणं देविखीणं देवपुरिसाणं नेरइयनपुंसगाणं य कतरे कतरेहिंतो जाव विसेसाहिया वा गोयमा सव्वत्थोवा मणुस्सपुरिसा मणुस्सित्थीओ संखेज्जगुणाओ मणुस्तनपुंसगा असंखेज्जगुणा नेरइयनपुंसगा असंखेज्जगुणा तिरिक्खजोगिचपुरिसा असंखेखगुणा तिरिक्खजोणित्थियाओ संखेजगुणाओ देवपुरिसा संखेनगुणादेवित्थियाओ संखेज्जगुणाओ तिरिक्खजोणियनपुंसगा अनंतगुणा एतासि णं भंते तिरिक्खजोणित्थीणं जलवरीणं थलयरीणं खहचरीणं तिरिक्खजोणियपुरिनाणं-जलयराणं थलचराणं खहयराणं तिरिक्खजोणियनपुंसगाणं- एंगिदियतिरिक्खजोणियनपुंसगाणं पुढविकाइयएगिंदियतिरिक्खजोणियनपुंसगाणं जाव वणस्सतिकाइयएगिदियतिरिक्खजोणियनपुंसगाणं येइंदियतिरिक्खजोणियनपुंसगाणं जाव पंचेंदियतिरिक्खजोणियनुंसगाणं- जलयराणं धलवराणं कर्ता कतरेहिंती जाव विसेसाहिया वा गोयमा सव्वत्थोवा खबर तिरिक्खजोणियपुरिसा खयरतिरिक्खजोणित्थियाओ संखेज्जगुणाओ थलवरपंचिंदियतिरिक्खजोणिवपुरिसा संखेनगुणा थलयरपंचिंदियतिरिक्खजोणित्थियाओ संखेखगुणाओ जलयरतिरिक्खजोणियपुरिसा संखेजगुणाओ जलयरतिरिक्खजोणित्थियाओ संखेज्जगुणाओ खहयरपंचिंदियतिरिक्खजोणिवनपुंसगा असंखेज्जगुणा थलपरपंचिंदिया संखेज्जगुणा जलयरा संखेजगुणा चउरिदिपतिरिक्खजोणिवनपुंसगाविसेसाहिया तेइंदियनपुंसगा विसेसाहिया बेइंडियनपुंसगा विसेसाहिया तेउक्काइयएगिंदियतिरिक्खजोणियनपुंसगा असंखेजगुणा पुढविकाइयनपुंसगा विसेसाहिया आउक्काइवनपुंसगाबिसेसाहिया बाइकूकाइयनपुंसगा विसेसाहिया वणरसतिकाइयएगिंदियतिरिक्खजोणियनपुंसगा अनंतगुणा एतासि णं भंते मणुस्सित्यीणं कम्मभूमियाणं अकम्मभूमियाणं अंतरदीवियाणं मणुरसपुरिसाणं-कम्पभूमगाणं अकम्मभूमगाणं अंतरदीवगाणं य कतरे कतरेहिंतो जाव विसेसाहिया वा गोयमा अंतरदीवगा मणुस्सित्थियाओ मणुस्सपुरिसा य एते णं दोण्णि वितुल्ला सव्वत्थोवा देवकुरुतउत्तरकुरुअकम्मभूमिगमणुस्सित्थियाओ मणुस्सपुरिसा एते गं दोण्णिवि तुल्ला संखेज्जगुणा हरिवासरम्भगवासअकम्मभूमिगमणुस्सित्थियाओ मणुस्सपुरिसा व एते णं दोण्णिवि तुल्ला संखेजगुणा हेमबतहेरवण्णवत अकन्मभूमिगमणुस्सपुरिसा दोवि संखेजगुणा भरहेरवतकम्मभूमिगमणुस्सित्थियाओ दोवि संखेजगुणाओं पुव्वविदेह अवरविदेहकम्मभूमगणुस्तपुरिसा दोचि संखेनगुणा पुब्वविदेह अवरविदेहकम्मभूमिगमणुस्सित्थियाओ दोषि संखेनगुणाओ अंतरदबगमणुस्सनपुंसगा असंखेचगुणा देवकुरुउत्तरकुरु अकम्पभूमगमणुस्सनपुंसगा दोविं संखेजगुणा हरिवासरम्पंगवासअकम्पभूमगमणुस्सनपुंसगा दोवि संखेजगुणा हेमवतहेरण्णवत अकम्पभूमगमणुस्मनपुंसगा दोवि संखेज्जगुणा भरहेरवतकम्मभूमगमणुस्सनपुंसगा दोवि संखेजगुणा पुव्यविदेहअवरविदेहेकम्मभूमगणुस्सनपुंसगा दोवि संखेज्जगुणा एतासि णं भंते देविस्थीणं भवणवासिणीणं वाणमंतरीणं जोइसिणीणं वेमाणिणीणं देवपुरिसाणं-मवणवासीणं जाव वैमाणियाणं सोधम्मकाणं जाय गेयेञ्जकाणं अनुत्तरोववातियाणं नेरइयनपुंसगाणं-रवणप्पभापुढविनेरइयनपुंसगाणं जाव अहेसत्तमपुढविनेरइयनपुंसगाणं कतरे कतरे - For Private And Personal Use Only

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