Book Title: Sramana 2005 07 10
Author(s): Shreeprakash Pandey
Publisher: Parshvanath Vidhyashram Varanasi

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Page 9
________________ हिन्दी खण्ड भारतीय संस्कृति के दो प्रमुख घटकों का सहसम्बन्ध (वैदिक एवं श्रमण) महावीर का श्रावक वर्ग तब और अब : एक आत्मविश्लेषण भगवान महावीर का जन्म स्थल: एक पुनर्विचार भगवान महावीर का केवलज्ञान स्थल: एक पुनर्विचार भगवान महावीर की निर्वाणभूमि पावा - एक पुनर्विचार जैन तत्त्वमीमांसा की विकासयात्रा : ऐतिहासिक परिप्रेक्ष्य में जैन दर्शन में मोक्ष की अवधारणा जिनप्रतिमा का प्राचीन स्वरूप : एक समीक्षात्मक चिन्तन 'अंगविज्जा' में जैन मंत्रों का प्राचीनतम स्वरूप उमास्वाति एवं उनकी उच्चैर्नागर शाखा का उत्पत्तिस्थल एवं विचरणक्षेत्र उमास्वाति का काल उमास्वाति और उनकी परम्परा जैन आगम साहित्य में श्रावस्ती प्राकृत एवं अपभ्रंश जैन साहित्य में कृष्ण मूलाचार : एक अध्ययन प्राचीन जैनागमों में चार्वाक दर्शन का प्रस्तुतीकरण एवं समीक्षा ऋषिभाषित में प्रस्तुत चार्वाक दर्शन राजप्रश्नीय सूत्र में चार्वाक मत का प्रस्तुतीकरण एवं समीक्षा भागवत के रचना काल के सन्दर्भ में जैन साहित्य के कुछ प्रमाण बौद्धधर्म में सामाजिक चेतना धर्म निरपेक्षता और बौद्धधर्म महायान सम्प्रदाय की समन्वयात्मक जीवनदृष्टि Jain Education International For Private & Personal Use Only www.jainelibrary.org

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