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________________ भाषाटीकासहित. वैगा। आजकल इस भारत वर्षमें स्त्रियोंका न पढाना ऐसा प्रचलित होगया है, कि मानों यहांकी स्त्रियोंको पढनेका अधिकारही नहीं है पूर्व समयमें स्त्रियोंका पढना | परम ज्ञानवती होनेके दृष्टांत सुनों जो इतिहास ग्रंथोमें | लिखे है / .. ..... . सीता सुमति सुशीलता,सवजगमें विख्यात। |जिहि चरित्र उपमा लिखत, कविजन मनसकुचात // 18 // देवहुती विद्याधरी, अनसूया गुणगेह / पतिव्रत धर्म सिखावती, विद्या सहित सनेह // १९॥नामगार्गी जगविदित, अति विरक्त संसार / ब्रह्मचारिणी परमदृढ, विद्यासिंधु अपार // 20 // सभाबीच गर्जतरही, वेदशास्त्र मुखद्वार। मानी पण्डित जयकिये, रहे सबी मनमार // 21 // ज्ञानवती सुमदालसा, परमशील संतोष / P.P. Ac. Gunratnasuri M.S. Gun Aaradhak Trust
SR No.036493
Book TitleStree Charitra Part 02
Original Sutra AuthorN/A
AuthorNarayandas Mishr
PublisherHariprasad Bhagirath
Publication Year1904
Total Pages236
LanguageHindi, Sanskrit
ClassificationBook_Devnagari
File Size175 MB
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