SearchBrowseAboutContactDonate
Page Preview
Page 291
Loading...
Download File
Download File
Page Text
________________ भगवानराम समकित : आज हम भगवान राम के जीवन के बारे में चर्चा करेंगे। राजकुमार राम का जन्म अयोध्या के राजा दशरथ की रानी कौशल्या के गर्भ से हुआ था। प्रवेश : भाईश्री ! लक्ष्मण, भरत और शत्रुघ्न ? समकित : राजा दशरथ की तीन रानियाँ और थी-सुमित्रा, कैकयी और सुप्रभा, जिनमें सुमित्रा से लक्ष्मण का, कैकयी से भरत का और सुप्रभा से शत्रुघ्न का जन्म हुआ था। प्रवेश : यह कब की बात है ? समकित : यह बीसवें तीर्थंकर मुनिसुव्रत स्वामी के समय की बात है। प्रवेश : भगवान राम तीर्थंकर तो थे नहीं, तो क्या वे सामान्य केवली हुए थे ? समकित : हाँ, वे सामान्य केवली हुए थे, लेकिन वे बलभद्र जरूर थे। प्रवेश : यह बलभद्र क्या होते हैं ? समकित : बलभद्र, त्रेसठ (63) शलाका पुरुषों में आते हैं। बलभद्र के छोटे भाई नारायण होते हैं व इनके शत्रु' को प्रतिनारायण कहते हैं। प्रतिनारायण भरत क्षेत्र के तीन खंड का स्वामी (सम्राट) होता है। प्रतिनारायण के दुराचार के कारण नारायण उसको मार डालते हैं और तीन खंड के स्वामी (सम्राट) यानि कि अर्द्धचक्रवर्ती (सम्राट) बन जाते हैं। प्रवेश : त्रेसठ (63) शलाका पुरुष ? समकित : यह त्रेसठ महान पुण्यशाली सम्यकदृष्टि जीव होते हैं। इनमें से कुछ सम्यकदर्शन पूर्वक सम्यकचारित्र की पूर्णता कर मोक्ष चले जाते हैं, कुछ सम्यकदर्शन पूर्वक मरण करके स्वर्ग चल जाते हैं और कुछ सम्यकदर्शन से भ्रष्ट होकर नरक चले जाते हैं। 1.enemy 2.sections 3.emperor 4.misconduct 5.completeness 6.corrupt
SR No.035325
Book TitleSamkit Pravesh - Jain Siddhanto ki Sugam Vivechana
Original Sutra AuthorN/A
AuthorMangalvardhini Punit Jain
PublisherMangalvardhini Foundation
Publication Year2019
Total Pages308
LanguageHindi
ClassificationBook_Devnagari
File Size117 MB
JainGPT.orgInstagram
Copyright © Jain Education International. All rights reserved. | Privacy Policy