________________ 20] [प्रज्ञापनासून 00 चरम और अनेक प्रवक्तव्यरूप :- है, 13. कथंचित् अनेक चरमरूप और एक 000 प्रवक्तव्य 14. कचित नेक चरमरूप और अनेक प्रवक्तव्यरूप | . ! है, (किन्तु) 15. न तो (वह) एक अचरम और एक अवक्तव्य है, 16. न एक अचरम और अनेक अवक्तव्यरूप है, 17. न अनेक अचरम और एक प्रवक्तव्य है और 19. न ही अनेक अचरमरूप और अनेक प्रवक्तव्यरूप है, (किन्तु) 19. कथंचित् एक चरम, एक अचरम और एक प्रवक्तव्य है, 20. कथंचित् एक चरम, एक अचरम और अनेक प्रवक्तव्यरूप 0 0 है, 21. कथंचित् एक चरम, अनेक अचरमरूप और एक प्रवक्तव्य 0000 है, 22. एक चरम, अनेक अचरमरूप और अनेक अवक्तव्यरूप नहीं है, 23. कचित् अनेक चरमरूप, एक अचरम और एक प्रवक्तव्य , 24. कथंचित नेक चरमरूप एक अचरम और अनेक प्रवक्तव्यरूप - है, 25. कथंचित् अनेक चरमरूप, अनेक o/ अचरमरूप और एक अवक्तव्य है (और) 26. कथंचित् अनेक चरमरूप अनेक 0 . अचरमरूप और अनेक अवक्तव्यरूप 000 - है। 788. अद्रुपदेसिए णं भंते ! खंधे पुच्छा। गोयमा ! अटुपदेसिए खंधे सिय चरिमे 8818|1 णो अचरिमे 2 सिय प्रवत्तव्वए ::|3 नो चरिमाई 4 नो अचरिमाइं 5 नो अवत्तव्वयाई 6, सिय चरिमे य प्रचरिमे य Leal सिय चरिमे य अचरिमाई च [Bhole 8 सिय चरिमाई च अचरिमे य 181818| सिय चरिमाइं च प्रचरिमाइं च 8181818110, सिय चरिमे य अवत्तव्वए य Jain Education International For Private & Personal Use Only www.jainelibrary.org