Book Title: Anekant 1954 02 Author(s): Jugalkishor Mukhtar Publisher: Jugalkishor Mukhtar View full book textPage 1
________________ अने अनेकान्त वर्ष १२ किरण & XXIIXX का न्त सम्पादक- जुगलकिशोर मुख्तार 'युगवीर' सोनगढ़ के सन्त श्री सत्पुरुष कानजी स्वामी श्री कानजी स्वामी करीब एक हजार साधर्मी भाइयोंके साथ श्री ऊर्जयन्तगिरि ( गिरनार ) की यात्रार्थं गए हैं । उनके सदुपदेश से गुजरातप्रान्त में अनेक दिगम्बर जैनमन्दिरोंका निर्माण हुआ और हो रहा है । फरवरी सन् १६५४ XXXXXXXXX DPage Navigation
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