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________________ २०९ २२१ २२३ २३३ २४२ विषय इतिहासकारोंकी दृष्टि में श्रेणिक अंणिक : प्रधान श्रोता २१० रोहा : बदला जीवन एक प्रवचनने मेघकुमार : बिलासका विराग वारिपेण : सौरभ पुरानी स्मृतियाँ : नयी ब्याख्यायें अभयकुमार आयिका-संघकी प्रमुख आचार्या : चन्दना चलना : भक्ति और त्याग हुआ आत्मोदय २३२ अन्य अनेक राजाओं द्वारा महावीरको भक्ति-वन्दना २३२ दिव्यध्वनि या देशनाकी भाषा दियध्वनि : सर्वभाषा २३६ समवशरण-विहार २४१ वैशाली : चेटक एवं सेनापति सिंहका धर्म-श्रवण वाणिज्यनाम : जितशत्रुका नमन २४४ पोलासपुर : विजयसेन और सद्दालपुत्रका मोहभंग २४४ चम्पा : कुणिक अजातशत्रु, दधिवाहन और करकन्डुको दीक्षा "" ૨૪૬ चम्पा : अनेक बार समवशरणका सौभाग्य करकण्ड-जन्म और दीक्षा श्रावस्ती : प्रसेनजितको भक्ति कौशाम्बी : रानी मृगावतोकी दीक्षा एवं वृषभसेनका दिगम्बग्त्व हस्तिशीर्ष : अदोनशत्रुके पुत्र सुबाहुका व्रतगहण सौगन्धिका नगर : अप्रतिहतकी जागी सुषप्त चेतना २५३ हेमाङ्गद देश : जोवन्धर : निर्वाण-मार्गके पधिक कलिंग : वीरश्रेणि और चित्रश्रेणिका प्रतग्रहण बंगदेश : सिंहथ-जातिस्मरण एवं नग्गतिका प्रत्येकबुद्धत्व २६१ सुश्मकदेश (दक्षिणभारत) : विद्दाजकी दीक्षा मत्स्य देश : नन्दिवर्द्धनका अर्चन-वन्दन अवन्ती : चण्डप्रद्योतका नमन पांचाल जनपद : जन-अभिनन्दन २६६ दशाण : दशार्णभद्रका निर्ग्रन्थल २६८ विषय-सूची : ३३ २४७ २५० २५४ २६४
SR No.090507
Book TitleTirthankar Mahavira aur Unki Acharya Parampara Part 1
Original Sutra AuthorN/A
AuthorNemichandra Shastri
PublisherShantisagar Chhani Granthamala
Publication Year
Total Pages654
LanguageHindi
ClassificationBook_Devnagari, History, & Biography
File Size14 MB
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