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________________ * आमेर भंडार के अन्य * प्रति नं०२. पत्र संख्या ८१. साइज ११४५।। इञ्च । ... विलोमकाव्यः । __ रचयिता अज्ञात । श्री दैवज्ञ सूर्य पंडित । भाषा संस्कृत। पत्र संख्या १.. साइज ६४४ इञ्च । लिपि संवत १८०८ विवाह दीपिका सटीक । रचयिता श्री गणेश । भाषा संस्कृत । पत्र संख्या ७६. साइज १०||४४।। इञ्च । लिपि संवत् १६६२. विष्णु भक्ति । रचयिता श्री विश्वभो । भाषा संस्कृत । पत्र संख्या ४. साइत १||५|| लिपि संवत १८४. . विषारहार स्तोत्र । . रचयिता श्री धनंजयसूरि । भाषा संस्कृत । पत्र संख्या ४५, साइज १०४३॥ इञ्च । ४२ से पूर्व के पृष्ठों में प्राकृत भाषा में तत्वसार लिखा हुआ है। प्रथन पत्र से लेकर ३६ ३ पृष्ठ तक कुछ नहीं है। तीन प्रति और । ... .... ... ... ... . . : .:::.: . विषापहार स्तंत्र भाषा । मुलकर्ता श्री धनंजय । भाषाकार श्री दिलाराम भाषा हिन्दी। पत्र संख्या १२. साइज १२ाशा इञ्च । पद्य संख्या ४०. विषापहार स्तोत्र - मूलकर्ता श्री धनंजय । भाषाकार श्री अखय राज। पत्र संख्या १४. साइज १||४४ इश्च । लिपि - 14 संवन् १७३१. . चीतरागस्तवन । रचयिता श्री हेमचन्द्राचार्य । भाषा संस्कृत। पत्र संख्या ६. स. इज ११४५।। इञ्च । श्री कुमारपाल, S भूप ल के लिये उक्त स्तवन की रचना हुई थी। वैद्यजीयन । पं० लोल्लम्मिराज । भाषा संस्कृत । पत्र संख्या ७. साइज १०x४ इन। मति नं० २. पृष्ठ संख्या ३६, साइज ११॥४४५. इञ्च । लिपि संवत् ११३८... ..
SR No.090392
Book TitleRajasthan ke Jain Shastra Bhandaronki Granth Soochi Part 1
Original Sutra AuthorN/A
AuthorKasturchand Kasliwal
PublisherRamchandra Khinduka
Publication Year
Total Pages226
LanguageHindi
ClassificationCatalogue, Literature, Biography, & Catalogue
File Size5 MB
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