SearchBrowseAboutContactDonate
Page Preview
Page 160
Loading...
Download File
Download File
Page Text
________________ मिश्रबंधु-विनोद दिया है। जान पड़ता है कि ये दोनों नाम एक ही है। साधारण श्रेणी। नाम-(१९८५) गोपालसिंह। ग्रंथ-अजब मंजरी । [प्र. त्रै० रि० ] रचनाकाल-११०।। नाम-(१९८६) जय कवि । कविताकाल-०१। विवरण-लखनऊ के नवाब वाजिदअलीशाह के यहाँ थे। ब्रजभाषा व खड़ी बोली मिश्रित रचना की है । साधारण श्रेणी। नाम-( १९८७ ) वंशोधर वाजपेयी, चिंताखेड़ा जिला रायबरेली। जन्मकाल-१८७४। कविताकाल-१६०। विवरण-स्फुट काव्य । नाम-(१९८८) वंशीधर भाट, बनारसी। ग्रंथ-(1) बिदुर प्रजागर ( साहित्य वंशीधर )। जन्मकाल-१८७० । कविताकाल-१६०१ । नाम-(१९८९) बंसरूप, बनारसी । जन्मकाल-१८७४। कविताकाल-११०१। विवरण-स्फुट कविता काशीराज महाराज की है, और नायिकाभेद भी कहा है । साधारण श्रेणी । नाम-(१९९०) रामगुलाम द्विवेदी। ग्रंथ-(.)संकटमोचन, (२१) प्रबंधरामायण, (३) किष्किंधा कांड,[द्वि० ० रि०] (४) विनयनवपंचक। [प्र. ० रि०]
SR No.032634
Book TitleMishrabandhu Vinod Athva Hindi Sahitya ka Itihas tatha Kavi Kirtan Part 03
Original Sutra AuthorN/A
AuthorGaneshbihari Mishra
PublisherGanga Pustakmala Karyalay
Publication Year1929
Total Pages420
LanguageHindi
ClassificationBook_Devnagari
File Size16 MB
Copyright © Jain Education International. All rights reserved. | Privacy Policy