________________ वशम प्रामृत-बावीसवाँ प्रामृतप्रामृत] [129 ख. कयरे णक्खता जे णं पण्णरसमुहत्ते चंदेण सद्धि जोयं जोएंति ? ग. कयरे णक्खत्ता जे णं तीसं मुहत्ते चंदेण सद्धि जोयं जोएंति ? घ. कयरे णक्खत्ता जे णं पणयालीसं मुहत्ते चंदेण सद्धि जोयं जोएंति ? उ. क. ता एएसि णं छप्पण्णाए णक्खत्ताणं तत्थ जे ते णक्खत्ता, जे णं णव मुहुत्ते सत्तावीसं च सत्तसट्ठिभागे मुहुत्तस्स चंदेण सद्धि जोयं जोएंति, ते णं दो अभोई, तत्थ जे ते णक्खता, जे णं पण्णरसमुहुत्ते चंदेण सद्धि जोगं जोएंति, ते णं बारस, तंजहा१. दो सतभिसया, 2. दो भरणी, 3. दो अद्दा, 4. दो अस्सेसा, 5. दो साती, 6. दो जेट्ठा। ग. तत्थ जे ते णक्खत्ता, जे णं तीसं मुहुत्ते चंदेण सद्धि जोगं जोएंति, ते णं तीसं, तंजहा 1. दो सवणा, 2. दो धणिट्ठा, 3. दो पुव्वाभहवया, 4. दो रेवई, 5. दो अस्सिणी, 6. दो कत्तीया, 7. दो संठाणा, 8. दो पुस्सा, 6. दो महा, 10. दो पुवाफग्गुणी, 11. दो हत्था, 12. दो चित्ता, 13. दो अणुराधा, 14. दो मूला, 15. दो पुव्वासाढा, घ. तत्थ जे ते णक्खत्ता जे णं पणयालीसं मुहुत्ते चंदेण सद्धि जोगं जोएंति ते णं बारस, तं जहा-- 1. दो उत्तरापोटुवया, 2. दो रोहिणी, 3. दो पुणध्वसू, 4. दो उत्तराफागुणी, 5. दो विसाहा, 6. दो उत्तरासाढा / क. ता एएसि गं छप्पण्णाए णक्खत्ताणं अस्थि णक्खत्ता जे णं चत्तारि अहोरत्ते, छच्च मुहत्ते सूरिएण सद्धि जोगं जोएंति, ते णं दो अभीयी, ख. अस्थि णक्खत्ता जे णं छ अहोरत्ते, एगवीसं च मुहत्ते सूरिएणं सद्धि जोगं जोएंति, ग. अस्थि णक्खत्ता जे णं तेरस अहोरत्ते, बारस य मुहत्ते सूरेण सद्धि जोगं जोएंति, घ. अस्थि णक्खता जे णं वीसं अहोरत्ते तिन्नि य मुहत्ते सूरेण सद्धि जोगं जोएंति / प.क. ता एएसि णं णक्खत्ताणं कयरे मक्खत्ता जे णं चत्तारि अहोरत्ते छच्च मुहुत्ते सूरिएण सद्धि जोगं जोएंति ? ख. कयरे णक्खत्ता जे णं छ अहोरत्ते एगवीसं च मुहत्ते सुरिएण सद्धि जोगं जोएंति ? ग. कयरे णखत्ता जे णं तेरस अहोरत्ते, बारस य मुहुत्ते सूरिएण सद्धि जोगं जोएंति ? घ. कयरे णक्खत्ता जे णं वीसं अहोरत्ते, तिनि य मुहुत्ते सूरिएण सद्धि जोगं जोएंति ? Jain Education International For Private & Personal Use Only www.jainelibrary.org