Book Title: Jain Vidya 20 21
Author(s): Kamalchand Sogani & Others
Publisher: Jain Vidya Samsthan

View full book text
Previous | Next

Page 4
________________ विषय-सूची क्र.सं. विषय लेखक का नाम पृ. सं. प्रकाशकीय सम्पादकीय 1. स्वामी भट्टाकलंकदेव - व्यक्तित्व एवं कर्तृत्व श्री कुन्दनलाल जैन 2. भावना आचार्य अकलंकदेव 3. जिनशासन के प्रभावक आचार्य अकलंक श्री रमाकान्त जैन 4. व्रती आचार्य अकलंकदेव 5. अनेक अलंकरणों से अलंकृत डॉ. कपूरचन्द जैन आचार्य अकलंकदेव 6. ध्यान आचार्य अकलंकदेव 7. जैन-न्याय के उन्नायक : भट्ट अकलंकदेव डॉ. राजेन्द्रकुमार बंसल 8. हिंसा आचार्य अकलंकदेव 9. अनेकान्त के प्रतिष्ठापक डॉ. अशोककुमार जैन आचार्य अकलंकदेव 10. आचार्य अकलंकदेव और उनका नय-विवेचन डॉ. श्रीरंजनसूरिदेव 11. अकलंकदेव की कृति-तत्वार्थवार्तिक डॉ. रमेशचन्द जैन 12. आस्रव के कारण आचार्य अकलंकदेव 13. तत्वार्थराजवार्तिक और कर्मबन्ध के प्रत्यय डॉ. कुसुम पटोरिया 14. 'तत्वार्थवार्तिक' में प्रतिपादित मानवीय मूल्य डॉ. सुरेन्द्रकुमार जैन 'भारती' 83 15. अकलंकदेव कृत पुण्य और पाप का विवेचन डॉ. सूरजमुखी जैन 93 16. वैयावृत्य आचार्य अकलंकदेव 17. द्रव्य-पर्यायात्मक वस्तु ज्ञान का विषय डॉ. राजकुमारी जैन

Loading...

Page Navigation
1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 12 13 14 15 16 17 18 19 20 21 22 23 24 25 26 27 28 29 30 31 32 33 34 35 36 37 38 39 40 41 42 ... 124