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________________ पत्रिका 6666666666666666660 900090009090920POX | 4/24 PO प्रतिमाएं हटाने को लेकर उपजा विरोध, जैनाचार्यों ने प्रतिष्ठा समिति को भेजे पत्र अवंतिपार्श्वनाथ जीर्णोद्धार प्रतिष्ठा से पहले जैन समाज में तकरार, विभिन्न ट्रस्ट के पदाधिकारियों ने समिति के सामने रखी मांग व सुझाव पत्रिका न्यूज नेटवर्क 600000000000000 000000000000000000000 प्रतिष्ठा समिति को अपने सुझाव आचार्य हेमचंद्र सागर, मोहनखेड़ा की बैठक भी हुई। patrika.com मांग पत्र दिए। पहले खाराकुआं के आचार्य ऋषभचंद सूरी सहित फरवरी तक उज्जैन. दानीगेट स्थित श्री स्थित श्री ऋषभदेव छगनीराम पेढ़ी अन्य संतों ने इसको लेकर आपत्ति अवंतिपार्श्वनाथ तीर्थ जीर्णोद्धार मंदिर में सभी संघों की बैठक हुई। दर्ज कराई है। साथ ही मंदिर के मागा जवाब प्रतिष्ठा समारोह से पहले कुछ इसमें पारित प्रस्तावों को मांग पत्र के प्राचीन इतिहास से छेड़छाड़ व नए निर्णयों व मंदिर में हटाई गई दो रूप में अवंतिपार्श्वनाथ मारवाड़ी शिलालेख लगाने आदि को लेकर जैनाचार्य व श्री संघों की ओर से दिए प्राचीन प्रतिमाओं को लेकर विरोध समाज ट्रस्ट मंडल को सौंपा गया। अपनी राय प्रकट की है। चूंकि मंदिर सुझाववमांग पत्रों में उल्लेख है कि शुरू हो गया है। रविवार को विभिन्न प्रमुख रूप से मंदिर में 500 से काजीर्णोद्धार हुआ है और यहां कुछ प्रतिष्ठा समारोह समिति 5 फरवरी जैनाचार्यों ने सभी संघ से सलाह अधिक वर्ष पूर्व प्रतिष्ठित आदिश्वर बदलाव किए जा रहे हैं इसको तक हमें लिए गए निर्णयों से अवगत किए बगैर मूर्तियां हटाने, प्राचीनता प्रभु व गौड़ी पार्श्वनाथ की प्रतिमा लेकर विभिन्न ट्रस्टों में भी रोष है। कराएं। बता दें, मंदिर जीर्णोद्धार के खत्म करने व नए शिलालेख लगाने हटाने को लेकर विरोध है। मामले को लेकर रविवार दोपहर 3 बाद 13 से 18 फरवरी के बीच वृहद् संबंधी बातों को लेकर अपने पत्र जैनाचार्य गच्छाधिपति दौलतसागर बजे मंदिर कार्यालय में प्रतिष्ठा प्रतिष्ठा महोत्सव आयोजित किया भेजे। उज्जैन सहित, राजगढ़, धार, सूरी, हर्षसागर सूरी, आचार्य मुक्ति समारोह समिति पारस जैन की जा रहा है। कार्तिक मेला मैदान पर इंदौर, झाबुआ, रतलाम के विभिन्न सागर सूरी, आचार्य विश्वरत्न मौजूदगी में मारवाड़ी समाज ट्रस्ट व इसके लिए राजमहल नुमा पांडाल ट्रस्ट व श्री संघों ने इन पत्रों के साथ सागर, आचार्य जिनचंद सागर, विभिन्न ट्रस्ट वसंघ के प्रतिनिधियों तैयार किए जा रहे हैं।
SR No.035326
Book TitleKhartargacchacharya Jinmaniprabhsuriji Ko Pratyuttar
Original Sutra AuthorN/A
AuthorTejas Shah, Harsh Shah, Tap Shah
PublisherShwetambar Murtipujak Tapagaccha Yuvak Parishad
Publication Year
Total Pages78
LanguageHindi
ClassificationBook_Devnagari
File Size50 MB
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