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________________ ५०५ मलाइका: ५५२ आचाराङ्ग सुत्रस्य विषयानुक्रम भाग-१ एवं २ निर्यक्ति गाथा: ३५६ मुलां | विषय: | पृष्ठांक | | मूलांक:| विषय: पृष्ठांक | | मूलांक:| विषय: | पृष्ठांक: श्रुतस्कंध-२ चूडा-१ ** | अध्ययनं ६ पात्रैषणा ४९९ | सप्तैकक ३ उच्चार-प्रश्रवणं ** | अध्ययनं ३ इO ४८६ -- (उद्देशका: १, २) ५०२ । | सप्तैकक ४ शब्दः |--(उद्देशका: १...३) पात्रस्वरूपं, पात्रग्रहण विधि: सप्तैकक ५ रूप: विहार निषेध: व विधि: वर्षा निषेधश्च, पात्र पडिमा, पात्र ५०६ | सप्तैकक ६ परक्रिया वास:, गमनागमन विधि: व प्रमार्जना, पात्र परिग्रहणम् | सप्तैकक ७ अन्योन्यक्रिया निषेधः,पथिना सह वार्ताविधि | अध्ययनं ७ अवग्रह प्रतिमा चूडा-३ ** | अध्ययनं ४ भाषाजातं ४९५ |-- (उद्देशका: १, २) ५०९ भगवन महावीरस्य च्यवन,जन्म, ४६६ --उद्देशकः १ वचनविभक्तिः अवग्रह आदि याचनाविधि: दीक्षादि वर्णनम्, पंच महाव्रतस्य ४७० --उद्देशक: २ क्रोधोत्पतिवर्जनं एवं अवग्रह पडिमा(७) प्ररूपणा, तस्य पंच-पंच भावना ** | अध्ययनं ५ वस्त्रैषणा चडा-२ चूडा-४ - ४७५ --उद्देशकः १ वस्त्रग्रहणविधि: ४९७ सप्तैकक १ स्थानं अनित्यभावना, मुने:हस्ति आदि ४८३ ---उद्देशक: २ वस्त्रधारणविधि: ४९८ सप्तैकक २ निषिधिका: -५५२ | उपमा,अन्त्कृत्+मोक्षगामी मनि० आचाराङ्ग सूत्रस्य संक्षिप्त विषयान्क्रम: परिसमाप्त: पूज्य आगमोद्धारकरी संशोधित मुनि दीपरत्नसागरेण पुन: संकलित......आगमसूत्र-०१], अंग सूत्र-[१] “आचार” मूलं एवं शिलांकाचार्य-कृत् वृत्तिः [10]
SR No.035001
Book TitleSavruttik Aagam Sootraani 1 Part 01 Aachaar Mool evam Vrutti Part 1
Original Sutra AuthorN/A
AuthorAnandsagarsuri, Dipratnasagar, Deepratnasagar
PublisherVardhaman Jain Agam Mandir Samstha Palitana
Publication Year2017
Total Pages314
LanguagePrakrit, Sanskrit
ClassificationBook_Devnagari & agam_acharang
File Size64 MB
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