SearchBrowseAboutContactDonate
Page Preview
Page 104
Loading...
Download File
Download File
Page Text
________________ छठा प्राभृत ] [ ५३ एगे पुण एवमाहंसु - १०. ता अणुवाससयमेव सूरियस्स ओया अण्णा उप्पज्जइ, अण्णा अवेइ, एगे एवमाहंसु। एगे पुण एवमाहंसु - ११. ता अणुवाससहस्समेव सूरियस्स ओया अण्णा उप्पजइ, अण्णा अवेइ, एगे एवमाहंसु। एगे पुण एवमाहंसु - १२. ता अणुवास-सय-सहस्समेव सूरियस्स ओया अण्णा उप्पजइ, अण्णा अवेइ, एगे एवमाहंसु। एगे पुण एवमाहंसु - १३. ता अणुपुव्वमेव सूरियस्स ओया अण्णा उप्पजइ, अण्णा अवेइ, एगे एवमाहंसु। एगे पुण एवमाहंसु - १४. ता अणुपुव्व-सयमेव सूरियस्स ओया अण्णा उप्पजइ, अण्णा अवेइ, एगे एवमाहंसु। एगे पुण एवमाहंसु - १५. ता अणुपुव्वसहस्समेव सूरियस्स ओया अण्णा उप्पज्जइ, अण्णा अवेइ, एगे एवमाहंसु। एगे पुण एवमाहंसु - १६. ता अणुपुव्वसयसहस्समेव सूरियस्स ओया अण्णा उप्पजइ, अण्णा अवेइ, एगे एवमाहंसु। एगे पुण एवमाहंसु - १७. ता अणुपलिओवममेव सूरियस्स ओया अण्णा उप्पजइ, अण्णा अवेइ, एगे एवमाहंसु। एगे पुण एवमाहंसु - १८. ता अणुपलिओवमसयमेव सूरियस्स ओया अण्णा उप्पजइ, अण्णा अवेइ, एगे एवमाहंसु। एगे पुण एवमाहंसु - . १९. ता अणुपलिओवमसहस्समेव सूरियस्स ओया अण्णा उप्पजइ, अण्णा अवेइ, एगे एवमाहंसु। एगे पुण एवमाहंसु - २०. ता अणुपलिओवमसयसहस्समेव सूरियस्स ओया अण्णा उप्पज्जइ, अण्णा अवेइ, एगे . एवमाहंसु। एगे पुण एवमाहंसु - २१. ता अणुसागरोवम-सयमेव सूरियस्स ओया अण्णा उप्पजइ, अण्णा अवेइ, एगे एवमाहंसु। एगे पुण एवमाहंसु -
SR No.003459
Book TitleSuryaprajnapti Chandraprajnapti
Original Sutra AuthorN/A
AuthorMadhukarmuni, Kanhaiyalal Maharaj, Shobhachad Bharilla
PublisherAgam Prakashan Samiti
Publication Year1989
Total Pages302
LanguageHindi
ClassificationBook_Devnagari, Agam, Canon, Geography, agam_suryapragnapti, & agam_chandrapragnapti
File Size4 MB
Copyright © Jain Education International. All rights reserved. | Privacy Policy