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________________ ॥४१॥ रामं सर्वलोकन स| करबईना-से नोए 5. स्यबराबर बद्र गुरु व्यानमरभाग द्रव्यप्रथमं दादोन मर तानमा सर्व काबर नही तोसे न मरभागर ना सुम्हाद्या सहग्ला ए म्हाद्दानासंस्वभागाहाद्या नोकप्रसाद्य भागात तारा संख्याता भागनार ना. धरणाष्याला भाग निश्चि सर्वबोकन नहो प्रणित हो मदोश्रानुपूर्वा विसरणारी शाना खाद्यसुभाग्गोद्यान से वलव्यपारी सर्वलोकन रावेर वा साराहा था एवं दान्तिविमंगरुम्स आदि दवाईग्लागस्स किंसं भाग फु-फरस्पर संख्यामा भागफरपुर .सं.घरणा संपात मोभाग फ-फरस्पर हाई भागंफुमतिसंवेद्यभागंफुसंति संवये भागा। फुसति प्रसंस् सुभासु द्यानियमा मद्य सिम वापत मतानुष्टर बोल काना किं किंस्तु स सं गुरु करवीद्रव्य नयनर Private Personal Use Only
SR No.650032
Book TitleAnuyogadwara Sutra
Original Sutra AuthorAryarakshit
Author
PublisherSujalpur
Publication Year1851
Total Pages412
LanguagePrakrit
ClassificationManuscript & agam_anuyogdwar
File Size168 MB
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