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________________ विषय - चरित्र ग्रन्थ संख्या - १०६६ करकंडुचरित्र - भ० शुभचन्द्र । पत्र सं० १६० १ साइज - १०४४३ इन्च भाषा-संस्कृत विषय-चरित्र । रचनाकाल - सं० १६११ | लेखनकाल - सं० १६६१ माह बुदी है। पूर्ण एवं शुद्ध दशा - सामान्य | बेन नं० २२९ । विशेष - शिवपुरी में राव श्री शत्रुसाल के शासनकाल में प्रतिलिपि हुई थी । बघेखालान्वय मोडागोत्र वाले भी नानू ने इस शास्त्र को लिखवाकर म० देवेन्द्रकीत्ति के शिष्य मुनि पद्मकीर्ति को प्रदान किया । १०६६ प्रति नं २ । पत्र सं० ८६ | साइज - १० ३x४३ इ दशा- सामान्य | वेष्टन नं० २२२ । । लेखनकाल -सं० १६६३ । पूर्ण एवं शुद्ध । विशेष – आमेर में महाराजा मानसिंहजी के शासनकाल में प्रतिलिपि हुई थी । संघी डालू ने इ शास्त्र को पम्प विधान उद्यापन के अवसर पर भ० श्री देवेंद्रकीत्ति को भेट दिया था। २०६८ गौतमस्वामी चरित्र-मंडलाचार्य धर्मचन्द्र । पत्र सं० २० | साइज - १२x४] इव । भाषा संस्कृत | विषय-चरित्र | रचनाकाल x | लेखनकाल- सं० १६.०६ सामान्य शुद्ध । दशा- सामान्य | वेष्टन नं० ३४६ | । १०६६ चैनसुख लुहाडिया का जोवन मास्टर मोतीलालजी संघी । पत्र से० ६ भाषा - हिन्दी | विषय-जीवन चरित्र । रचनाकाल | लेखनकाल x । पूर्ण एवं शुद्ध । दशा- उत्तम २०७० जम्बूस्वामि चरित्र - ब्रह्म जिनदास । पत्र सं० ४५ चरित्र । रचनाकाल × । लेखनकाल । श्रपूर्ण एवं अशुद्ध १०५ दशा- जीर्ण | वेष्टन २० ४६९ । साइज - १२= । वेष्टन नं० ४२४ | | भाषा-संस्कृत । विषय १०७१ जिनदत्तचरित्र - गुणमद्राचार्य । पत्र सं० ७८ । साइज - १२०५ इम । भाषा-संस्कृत । विषयचरित्र | रचनाकाल × । लेखनकाल - सं० १७४६ ज्येष्ठ बुदी २ । पूर्ण एवं शुद्ध दशा- सामान्य | नेष्टन नं० ४६८ | विशेष – नंदावृत्ती नगर में चंद्रश्रम चैत्यालय में पं० भगवान प्रवाल ने स्वयं लिखा । 1 १०७२ प्रति नं० २ | पत्र सं० २०३५ | साइज - १२५ १श्व | अपूर्ण एवं सामान्य शुद्ध दशा जी । वेष्टन नं० ४६६ | १०७३ प्रति नं. ३ | पत्र सं० २०-३० | साइज - १०३४५३ इन्च | अपूर्ण एवं सामान्य शुद्ध दशाजीर्ण | वेष्टन नं० ४७० | १०७४ प्रति नं० ४ । पत्र सं० ४३ | साइज - १०४ इन्च । लेखनकाल x | पूर्ण एवं सामान्य शुद्ध दशा - सामान्य | वेष्टन नं० ४७१ । १०७५ प्रति नं० ५ । पत्र सं० ४४ | साइज - ६x४ इच। लेखनकाल - ० ११२ चैत्र ७ !
SR No.090393
Book TitleRajasthan ke Jain Shastra Bhandaronki Granth Soochi Part 2
Original Sutra AuthorN/A
AuthorKasturchand Kasliwal
PublisherPrabandh Karini Committee Jaipur
Publication Year
Total Pages446
LanguageHindi
ClassificationCatalogue, Literature, Biography, & Catalogue
File Size11 MB
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