SearchBrowseAboutContactDonate
Page Preview
Page 13
Loading...
Download File
Download File
Page Text
________________ IIIIIIIIIIIIIIIIIIIIIIIIIIIIIIIIIIIIIIIIIII सम्मान्य सहयोगी सदस्य श्री केशरीमल जी तातेड़ एवं श्रीमती सुन्दरदेवी तातेड़, हुबली आप मूलतः कोटड़ी (समदड़ी) मारवाड़ के निवासी हैं। आप बहुत ही उदार हृदयी धर्म श्रद्धालु श्रावक हैं। आपका हुबली में पेपर का बहुत बड़ा व्यवसाय है। आपके सभी सुपुत्र व सुपुत्रियाँ धर्म में विशेष श्रद्धा रखते हैं। आचार्य श्री देवेन्द्र मुनि जी म.व महासती जी शीलकंवर जी के प्रति श्रद्धा है। श्री भीमराज जी हजारीमल जी, साण्डेराव आप पूज्य गुरुदेवश्री के अनन्य भक्त हैं, बहुत ही उदार भावना वाले हैं। आपका कोसम्बा जि. सूरत में बहुत बड़ा व्यवसाय है। आपके सुपुत्र श्री मोहनलाल जी एवं केशरीमल जी आदि पूरा परिवार बहुत धर्म श्रद्धालु है। साधु-साध्वियों की सेवा का आप विशेष लाभ लेते हैं। श्री बाबूलाल जी धनराज जी मेहता, सादड़ी, (मारवाड़) आप बहुत ही उदार हृदयी धर्म श्रद्धालु श्रावक हैं। आपका 'किरण मेटल कॉर्पोरेशन' के नाम से व्यवसाय है। आपने सादड़ी अस्पताल में व गाँव में शुभ कार्यों में बहुत बड़ा योगदान दिया है। आप आदिनाथ चेरिटेबल ट्रस्ट, अम्बा जी के ट्रस्टी हैं। आबू पर्वत पर आपने बहुत बड़े पैमाने पर आयंबिल ओली भी करायी। आप प्रतिवर्ष अठाई आदि की तपस्याएँ करते हैं। आपकी धर्मपत्नी जी ने वर्षीतप की आराधना की, इस उपलक्ष्य में आपने सं. २०४९ में सादड़ी में प्रवर्तक श्री रूपचन्द जी म. आदि के सान्निध्य में पारणे कराने का बहुत बड़ा लाभ लिया। II-IIIIIIIIIIIIIIIIIIIIIIIIIIIIIIIIIIIIIII
SR No.090159
Book TitleDravyanuyoga Part 2
Original Sutra AuthorN/A
AuthorKanhaiyalal Maharaj & Others
PublisherAgam Anuyog Prakashan
Publication Year1995
Total Pages806
LanguageHindi, Prakrit
ClassificationBook_Devnagari, Metaphysics, Agam, Canon, & agam_related_other_literature
File Size29 MB
Copyright © Jain Education International. All rights reserved. | Privacy Policy