SearchBrowseAboutContactDonate
Page Preview
Page 67
Loading...
Download File
Download File
Page Text
________________ -- (53) कोष्टक ... - - 'आध्यात्मभाषा . फल ग द्रव्य आगम भाषा क द्रव्य पर्याय शुद्धात्मानुभूति के लिये आश्रय समीचीन / सम्यक्त्वी करने योग्य 'स्वद्रव्य' सकलादेशी ख | द्रव्य पर्याय शुद्धात्मानुभूति के लिये आश्रय करने | असमीचीन मिथ्यात्वी योग्य पर्याय अथवा अन्यद्रव्य अथवा व्यवहाराभासी शुद्धात्मानुभूति के लिये आश्रय करने निश्चयाभासी पिथ्यात्वी योग्य 'द्रव्य' शुद्धात्मानुभूति के लिये आश्रय करने व्यवहाराभासी मिथ्यात्वी योग्य पर्याय च | द्रव्य | पर्याय |शुद्धात्मानुभूति के लिये आश्रय असमीचीन मिथ्यात्वी करने योग्य निरपेक्ष 'द्रव्य पर्याय' . (उभयाभासी) शुद्धात्मानुभूति के लिये आश्रय करने असमीचीन | मिथ्यात्वी योग्य 'द्रव्य' ( अंधश्रद्धा) शुद्धात्मानुभूति के लिये आश्रय करने असमीचीन मिथ्यात्वी योग्य पर्याय' झ | द्रव्य | पर्याय शुद्धात्मानुभूति के लिये आश्रय करने असमीचीन | मिथ्यात्वी योग्य 'स्वद्रव्य ' विकलादेशी | पर्याय द्रव्य / |ट | निरपेक्ष निरपेक्ष शुद्धात्मानुभूति के लिये आश्रय करने | असमीचीन | मिथ्यात्वी | द्रव्य पर्याय | योग्य 'स्वद्रव्य' | पर्याय द्रव्य | निरपेक्ष निरपेक्ष शुद्धात्मानुभूति के लिये आश्रय करने | असमीचीन | मिथ्यात्वी द्रव्य | पर्याय योग्य पर्याय' अथवा अन्य 'द्रव्य' पर्याय द्रव्य / निरपेक्ष निरपेक्ष शुद्धात्मानुभूति के लिये आश्रय करने | असमीचीन | मिथ्यात्वी द्रव्य ! पर्याय | योग्य निरपेक्ष 'स्वद्रव्य और पर्याय' | 0 |
SR No.032868
Book TitleNijdhruvshuddhatmanubhav
Original Sutra AuthorN/A
AuthorVeersagar, Lilavati Jain
PublisherLilavati Jain
Publication Year2007
Total Pages76
LanguageSanskrit
ClassificationBook_Devnagari
File Size8 MB
Copyright © Jain Education International. All rights reserved. | Privacy Policy