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________________ तरंगलोला १०००.२ धरिसणायरेण १०.१.१. मिणति १००२.१. वडीग्गां; वुज्झ १००१.२. यडालम. १००६.१. कौसम्बी १००७.१. जत्तिय १.०७.२. तत्तिय १०.९.२. महापत्त १.१०.१. देय मगदि १.१०.२. पासाएण १.११.२. होहिंति ति न तु १.१२.२. दळूण पियतस्सतस्सम अवण्णोडयनोडियसरीर' १०१३.१. अद्धा १०१३.२. तुण्णा १.१४.१ दुममणं; कहणय १०१५.१. अंसूहिम्वेवमाणी; तठे १०१५.२. अणेरमय; रमणमोयणगणंती १०१६.१. मुद्दइ १०१७.१. य १०१७.२. आसिप १.१८.२. गुवघरिया १.१९.२. रातूररय १०२०.२. एगतारया १०२१.२. तं मणारंभ वि होइ १०२२.२. मंण्णार १०२५.१. "इमो १०२५.२. सो य पीण . १०२६.२ वसण. १०२७.१. ण्हिक्कतो १०२८.१. नक्खत्तचंस. 1०२९.२. विवागे १०३१.२. मउय १०३३ २. सहभरिय वंदउ १०३५.१. उरुणलोयणांउदिभणंति १.१८.१. म दिण १.१८.२. सारसिवासे १.३९.१. चोरेहिं नथा १०४१.१. तेण व १०४२.१. साणीयाय १०१६.१. लो पत्त १०४६.२. भणती १०४७.१. नेच्छिम १०४७.२. उत्ताण करयलंसडेहि १०४८.२. मुह(१, मुइ(१)दछु १०४९.१. निप्पेडा १०१९.२. वहुलेया(अथवा य।) १०५१.१. निवय; तिस्सा १०५१.२. कोसियपियनेगवतां १८५३.१. छालियप विनाय १०५३.२. बोरेकगसजणा १०५१.१. जेण्णमणवरिकतो १०५५.२ पल्लिवंती १०५६.२. काम. १०५७.२. निचट्टा १०५९.१. • यादरण १०६०.१. परुइ १०६०.२. होरहि १०६१.२. तहु १०६४.१. भणियन्वया अम्है १०६५.१. येत्थलुय%; पसाले १०६५.२. विडिमी १०६९.२. पियंतो अ टुिंए १०७०.२. ने अव १०७.२. छिण्णासो तुमे १०७४.१. कारणं १०७५.१. परिकार १०७७.१. ए मणिउ १०७७.२ जमे १०७९१. मोणियब्बा(उजा) यसरंतो १०७९.२. उच्चहामी १०८०.२. मुक्कादकडजिम्भ परिखलंमी Jain Education International For Private & Personal Use Only www.jainelibrary.org
SR No.004633
Book TitleSamkhitta Taramgavai Kaha
Original Sutra AuthorN/A
AuthorH C Bhayani
PublisherL D Indology Ahmedabad
Publication Year1979
Total Pages324
LanguageGujarati, Sanskrit
ClassificationBook_Gujarati & Literature
File Size13 MB
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